Miss u Shayari
अफ़सोस होता है उस पल जब
अपनी पसंद कोई
और करा लेता है ख़्वाब हम देखते है
और हकीकत कोई और बना लेता है
नफरतें लाख मिलीं पर मोहब्बत न मिली,
ज़िन्दगी बीत गयी मगर राहत न मिली,
तेरी महफ़िल में हर एक को हँसता देखा,
एक मैं था जिसे हँसने की इजाज़त न मिली
ज़िन्दगी बीत गयी मगर राहत न मिली,
तेरी महफ़िल में हर एक को हँसता देखा,
एक मैं था जिसे हँसने की इजाज़त न मिली
उदास कर देती है हर रोज ये शाम मुझे,
लगता है तू भूल रहा है मुझे धीर-धीरे
लगता है तू भूल रहा है मुझे धीर-धीरे
इस मोहब्बत की किताब के,
बस दो ही सबक याद हुए,
कुछ तुम जैसे आबाद हुए,
कुछ हम जैसे बरबाद हुए
बस दो ही सबक याद हुए,
कुछ तुम जैसे आबाद हुए,
कुछ हम जैसे बरबाद हुए
Contents
- Miss u Shayari
- अफ़सोस होता है उस पल जब
- अपनी पसंद कोई
- और करा लेता है ख़्वाब हम देखते है
- और हकीकत कोई और बना लेता है
- नफरतें लाख मिलीं पर मोहब्बत न मिली, ज़िन्दगी बीत गयी मगर राहत न मिली, तेरी महफ़िल में हर एक को हँसता देखा, एक मैं था जिसे हँसने की इजाज़त न मिली
- उदास कर देती है हर रोज ये शाम मुझे, लगता है तू भूल रहा है मुझे धीर-धीरे
- इस मोहब्बत की किताब के, बस दो ही सबक याद हुए, कुछ तुम जैसे आबाद हुए, कुछ हम जैसे बरबाद हुए
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